रायगढ़। शहर के बहुप्रतीक्षित केनाल रोड निर्माण के साथ अब जेल परिसर स्थित नगर निगम के सिटी कॉम्प्लेक्स को हटाने की तैयारी तेज हो गई है। नगर निगम की योजना के अनुसार पुराने कॉम्प्लेक्स को डिसमेंटल कर उसकी जगह आधुनिक सिटी कॉम्प्लेक्स बनाया जाएगा। इस प्रस्ताव से करीब 170 दुकानदारों के सामने रोज़ी-रोटी का संकट खड़ा होता दिखाई दे रहा है।
जानकारी के अनुसार निगम का कहना है कि अधिकांश दुकानों की लीज अवधि समाप्त हो चुकी है। कई दुकानें लगभग 30 वर्ष पहले आवंटित की गई थीं, जिनकी समय-सीमा अब पूरी हो चुकी है। इसी आधार पर पुराने ढांचे को हटाकर नए स्वरूप में कॉम्प्लेक्स विकसित करने की योजना बनाई गई है।
हालांकि व्यापारियों का कहना है कि विकास कार्यों का वे विरोध नहीं कर रहे, लेकिन पहले वैकल्पिक व्यवस्था होनी चाहिए, उसके बाद ही दुकानों को हटाया जाए। उनका कहना है कि बिना पुनर्वास के दुकानें तोड़ना सैकड़ों परिवारों की आजीविका पर सीधा प्रहार होगा।
सूत्रों के अनुसार नई दुकानों का निर्माण हाउसिंग बोर्ड के माध्यम से कराया जा सकता है। लेकिन नई दुकानों की संभावित कीमत, आवंटन प्रक्रिया और पुराने व्यापारियों को प्राथमिकता मिलेगी या नहीं, इसे लेकर अभी तक स्पष्ट स्थिति सामने नहीं आई है। इसी कारण व्यापारियों में असमंजस और चिंता बनी हुई है।
व्यापारियों का कहना है कि यदि नई दुकानों का निर्माण पहले पूरा कर उन्हें आवंटित कर दिया जाए, तो वे स्वेच्छा से पुरानी दुकानें खाली करने को तैयार हैं। लेकिन बिना स्पष्ट पुनर्वास नीति के कार्रवाई करना उचित नहीं होगा।
अब सभी की निगाहें नगर निगम प्रशासन पर टिकी हैं कि वह व्यापारियों के हितों की सुरक्षा करते हुए इस परियोजना को किस प्रकार आगे बढ़ाता है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर व्यापारियों और प्रशासन के बीच बैठक होने की संभावना भी जताई जा रही है।